हरिद्वार(अनिल शीर्षवाल)। एक तरफ जहां सीएम पुष्कर सिंह धामी जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है, वहीं, विभाग के अधिकारी सरकारी की मंशा को पलीता लगा रहे हैं क्योंकि, पोषाहार अनियमितता में कार्रवाई के नाम पर अवैध वसूली करने का ऑडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है। मामले की जांच में बाल विकास विभाग जुट गया है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
दरअसल, महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग की ओर से संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों पर गर्भवती महिलाओं, धात्री महिलाओं और बच्चों को पोषाहार दिया जाता है, ताकि, बच्चों को पोषाहार खाने से कुपोषण का शिकार न बन सकें। हर महीने पोषाहार बच्चों को दिया जाता है, लेकिन, इसकी बंदरबाट की जा रही है और पोषाहार वितरण के नाम पर भ्रष्टाचार किया जा रहा है।
ऐसा ही एक मामले से जुड़ी ऑडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रही है। इसमें एक बाल विकास परियोजना अधिकारी की ओर से आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की बैठक ली जा रही है। इसमें एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को पोषाहार की अनियमितता में पैसे दिए जाने के लिए कहा जा रहा है। ऑडियो में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और अधिकारी में पोषाहार वितरण में अनियमितता पर दिए जाने वाले नोटिस व स्पष्टीकरण पर रुपये देने की सीधी-सीधी बात रही है। बाल विकास विभाग की अधिकारी और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के बीच चल रही पैसों की लेन-देन की बातों की ऑडियो काफी लंबी है। जिसके सुनने से योजना में किस कदर से भ्रष्टाचार व्याप्त है, साफ दिखाई दे रहा है।
वायरल ऑडियो उन्हें मिली है। जिसे सुन जा रहा है। इसमें देखा जा रहा है कि ये किसकी और कौन-कौन रुपये लेन-देने की बात कर रहे हैं। मामले की जांच कर रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजी जाएगी, ताकि, मामले में दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जा सके।
