हरिद्वार(अनिल शीर्षवाल)। हिंदी पत्रकारिता के गौरवशाली 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में हिंदी पत्रकारिता दिवस पर प्रेस क्लब हरिद्वार की ओर से भव्य द्विशताब्दी समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता निरंजनी अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज ने की। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व राज्यपाल पद्मभूषण से सम्मानित भगत सिंह कोश्यारी, मुख्य वक्ता मीडिया सलाहकार समिति के अध्यक्ष प्रोफेसर गोविंद सिंह, प्रेस क्लब अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी एवं महामंत्री सूर्यकांत बेलवाल ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।

इस अवसर पर पत्रकारिता के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले पत्रकारों को सम्मानित किया गया। वरिष्ठ पत्रकार गोपाल रावत को स्वर्गीय मधुकांत प्रेमी स्मृति पुरस्कार तथा राहुल वर्मा को स्वर्गीय पीएस चौहान स्मृति पुरस्कार प्रदान किया गया। साथ ही पत्रकारिता की पढ़ाई में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में “हिंदी पत्रकारिता के गौरवशाली 200 वर्ष एवं मीडिया काउंसिल की अपरिहार्यता” विषय पर आयोजित गोष्ठी को संबोधित करते हुए मुख्य वक्ता प्रोफेसर गोविंद सिंह ने हिंदी पत्रकारिता के इतिहास और विकास पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वर्ष 1826 में कोलकाता से जुगल किशोर शुक्ल द्वारा प्रकाशित ‘उदंत मार्तंड’ पहला हिंदी साप्ताहिक समाचार पत्र था, जिसने हिंदी पत्रकारिता की मजबूत नींव रखी। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता आंदोलन से लेकर आपातकाल और डिजिटल युग तक हिंदी पत्रकारिता ने समाज को जागरूक करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। तमाम चुनौतियों के बावजूद प्रिंट मीडिया आज भी अपनी विश्वसनीयता बनाए हुए है।
मुख्य अतिथि भगत सिंह कोश्यारी ने प्रेस क्लब हरिद्वार को उत्तराखंड का आदर्श प्रेस क्लब बताते हुए कहा कि भारतीय भाषाओं को आगे बढ़ाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री वैश्विक मंचों पर हिंदी में संवाद कर रहे हैं, जिससे हिंदी भाषा का सम्मान और प्रभाव बढ़ा है। उन्होंने कहा कि एआई और डिजिटल युग में भी प्रिंट मीडिया की प्रासंगिकता बनी रहेगी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज ने कहा कि पत्रकारिता समाज का आईना होती है। निर्भीक और निष्पक्ष पत्रकारिता ही समाज को सही दिशा देने का कार्य करती है। सत्य और विश्वसनीयता के साथ पत्रकारिता करना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
प्रेस क्लब अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी एवं महामंत्री सूर्यकांत बेलवाल ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में विभिन्न कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित की जा रही है। उन्होंने समाज में हिंदी भाषा के महत्व को समझने और उसे बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया। कार्यक्रम के दौरान अतिथियों को शॉल ओढ़ाकर एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ पत्रकार दीपक नौटियाल ने किया। इस अवसर पर संयोजक समिति के सदस्य एवं बड़ी संख्या में पत्रकार, गणमान्य अतिथि और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।




