धनौरी(श्रवण गिरी)। घाड़ क्षेत्र के प्रसिद्ध सैनी ढाबे के संचालक माधोराम सैनी (लगभग 80 वर्ष) का लंबी बीमारी के चलते निधन हो गया। उनके निधन की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। उनके अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी, व्यापारी और परिचित ढाबे पर पहुंचे।
माधोराम सैनी केवल एक ढाबा संचालक ही नहीं, बल्कि अपने सेवाभाव, सरल स्वभाव और आत्मीय व्यवहार के लिए भी पहचाने जाते थे। धनौरी स्थित उनके ढाबे की पहचान सस्ते, शुद्ध और स्वादिष्ट वैष्णो भोजन के लिए दूर-दूर तक थी।
उनकी सबसे बड़ी विशेषता यह थी कि उनके दरवाजे से कोई भूखा नहीं लौटता था। किसी की जेब में पैसे हों या नहीं, उनके ढाबे पर पहुंचने वाले हर व्यक्ति को चाय, भोजन और सम्मान मिलता था। गरीब, मजदूर, व्यापारी और राहगीर सभी के लिए उनके दरवाजे हमेशा खुले रहते थे।
अपने व्यवहार और सेवाभाव से उन्होंने क्षेत्र के लोगों के दिलों में विशेष स्थान बनाया था। उनके निधन से ढाबे से जुड़ी पुरानी यादें ताजा हो गईं और लोगों की आंखें नम हो गईं।
क्षेत्रवासियों ने उनके निधन को घाड़ क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति बताते हुए कहा कि माधोराम सैनी का सेवाभाव और अपनत्व हमेशा याद किया जाएगा।
ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।


