हरिद्वार(नीति शर्मा)। डीपीएस स्कूल रानीपुर के 50 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित ‘द गोल्डन जुबली लिटरेसी फेस्टिवल-गोल्डन कंटिन्यूम : स्वर्ण अक्षर-2026’ में मुख्य सचिव उत्तराखंड आनंद वर्द्धन ने मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के गायन के साथ हुआ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य सचिव आनंद वर्द्धन ने कहा कि ‘स्वर्ण अक्षर’ नाम अपने आप में विशेष महत्व रखता है। स्वर्ण जहां अनमोलता का प्रतीक है, वहीं अक्षर मानव मन के विचारों, कल्पनाओं और सृजनात्मक शक्ति को अभिव्यक्त करने का माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी संस्थान के लिए 50 वर्षों की यात्रा एक बड़ी उपलब्धि और गौरव का विषय होती है।

उन्होंने कहा कि किसी संस्था की पहचान केवल उसके भवनों और कक्षाओं से नहीं होती, बल्कि छात्रों, शिक्षकों और उससे जुड़े सभी लोगों के योगदान से होती है। वर्तमान समय तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का युग है, लेकिन ऐसे दौर में साहित्य का महत्व और अधिक बढ़ जाता है। उन्होंने कहा कि केवल सूचना का संग्रह ज्ञान नहीं होता, बल्कि साहित्य व्यक्ति को सोचने, प्रश्न पूछने और अपने ज्ञान का विस्तार करने की प्रेरणा देता है।

मुख्य सचिव ने कहा कि उत्तराखंड का हिमालय, समृद्ध लोक परंपराएं और सांस्कृतिक विरासत साहित्य के महत्व को और अधिक रेखांकित करती हैं। उन्होंने छात्र-छात्राओं से पाठ्यक्रम तक सीमित न रहकर विविध साहित्य पढ़ने तथा निरंतर सीखने की आदत विकसित करने का आह्वान किया।
उन्होंने विद्यालय के विकास में योगदान देने वाले शिक्षकों की सराहना करते हुए कहा कि डीपीएस रानीपुर के छात्र विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए तैयार हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन में आगे बढ़ने के लिए समय-समय पर स्वयं से तीन प्रश्न पूछने की सलाह दी—“मैंने क्या सीखा, मैंने क्या योगदान दिया और मैंने किसकी मदद की।”
मुख्य सचिव ने कहा कि आधुनिकता को अपनाने के साथ-साथ अपनी संस्कृति, परंपराओं और जड़ों से जुड़े रहना भी उतना ही आवश्यक है। इस अवसर पर विद्यालय की 50 वर्षों की गौरवपूर्ण यात्रा पर आधारित एक शॉर्ट फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया। वहीं छात्र-छात्राओं ने शास्त्रीय एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की आकर्षक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया।

कार्यक्रम में भाजपा जिला अध्यक्ष आशुतोष शर्मा, शिवालिक नगर पालिका अध्यक्ष राजीव शर्मा, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, बीएचईएल के चीफ फाइनेंस ऑफिसर राजेश कुमार द्विवेदी, कार्यकारी निदेशक रंजन कुमार, विद्यालय के प्रिंसिपल अनुपम जग्गा, वाइस प्रिंसिपल डॉ. पविंदर सिंह, वाइस प्रिंसिपल एकेडमिक्स अनुपमा श्रीवास्तव, प्रो-वाइस चेयरमैन एन.एस. राणा सहित शिक्षक-शिक्षिकाएं, छात्र-छात्राएं एवं अभिभावक उपस्थित रहे।


